Organization secretary Seema Jagran Manch, Delhi - Organization working for the overall development of border villages of India I previously served as a District Pracharak in the Rashtriya Swayamsevak Sangh (RSS), where I was entrusted with responsibilities involving grassroots organization, community engagement, cadre development, and coordination across diverse social sections. This role strengthened my discipline, decision-making ability, strategic thinking, and capacity to lead with clarity and conviction. Currently, I am serving as the Organizational Secretary of Seema Jagran Manch, Delhi state. In this role, I am actively involved in organizational expansion, program planning and execution, volunteer coordination, and awareness initiatives related to national security, border regions, and civic responsibility. My work focuses on strengthening organizational structure while ensuring alignment with the broader national vision.

पोखरण 1998: भारत के उस सामरिक ‘धोखे’ की दास्तां जिसने महाशक्ति अमेरिका को घुटनों पर ला दिया!

प्रस्तावना: जासूसी के चक्रव्यूह को भेदने की चुनौती क्या आप कल्पना कर सकते हैं कि दुनिया का सबसे शक्तिशाली देश, जिसने अपनी जासूसी के लिए अरबों रुपये के उपग्रह अंतरिक्ष में तैनात कर रखे हों, उसकी आँखों के ठीक नीचे एक परमाणु धमाका हो जाए और उसे खबर तक न लगे? 1998 में भारत ने…

किरोड़ी मल कॉलेज में हुआ क ऑडिटोरियम में “Know Our Borders” का कार्यक्रम

नई दिल्ली, 5 मई 2026: किरोड़ी मल कॉलेज, दिल्ली विश्वविद्यालय ने सीमा जागरण मंच, दिल्ली के सहयोग से अकादमिक ऑडिटोरियम में “Know Our Borders” कार्यक्रम का आयोजन किया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य भारत की सीमा सुरक्षा, विवादों एवं उभरती चुनौतियों पर सार्थक एवं सूचित संवाद को प्रोत्साहित करना था।   कार्यक्रम की अध्यक्षता किरोड़ी मल…

“ग्रेट निकोबार परियोजना: राष्ट्र निर्माण या ‘विकास के नाम पर विनाश’ की राजनीति?”

देश में पिछले महीने पांच राज्यों- असम, केरल, पुदुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में विधान सभा के चुनाव हुए। इन पांच राज्यों में पश्चिम बंगाल का चुनाव सबसे अधिक चर्चा में रहा। चर्चा में इसलिए क्योंकि वामपंथ और लाल आतंक की जननी पश्चिम बंगाल में चुनावी हिंसा का पुराना इतिहास रहा है।  चुनाव के सुर्खियों…

ग्रेट निकोबार प्रोजेक्ट: क्या भारत को ‘जैविक संग्रहालय’ बनाए रखने की कोई वैश्विक साजिश है? 5 चौंकाने वाले खुलासे

1.एक रणनीतिक पहेली और बौद्धिक बेईमानी का पर्दाफाश भारत की समुद्री सुरक्षा और विकास के बीच का द्वंद्व महज एक पर्यावरणीय बहस नहीं है, बल्कि यह भारत के संप्रभु अधिकारों के विरुद्ध रचा गया एक ‘हाइब्रिड वॉरफेयर’ है। ग्रेट निकोबार प्रोजेक्ट को अक्सर ‘पर्यावरण बनाम प्रगति’ के चश्मे से दिखाया जाता है, लेकिन एक रणनीतिक…

राजस्थान के सीमावर्ती जिले फलोदी से प्रेरक पहल: सीमा प्रहरियों के लिए 81 डेजर्ट कूलर भेंट

नई दिल्ली / फलोदी (राजस्थान)।राजस्थान के सीमावर्ती जिले फलोदी से एक प्रेरणादायक पहल सामने आई है। भारत-पाक पश्चिमी सीमा पर तैनात सीमा सुरक्षा बल (BSF) के जवानों के लिए भीषण गर्मी में राहत पहुंचाने हेतु सीमाजन कल्याण समिति की प्रेरणा से मुंबई के व्यवसायी एवं भामाशाह ओमप्रकाश खत्री (मरुधर ज्वेलर्स) द्वारा 81 डेजर्ट कूलर भेंट…

आतंक के खिलाफ मजबूत होता मोर्चा

अशोक कुमार (आईपीएस) ‘घेरा’ भारत की आतंक-रोधी रणनीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव का प्रतीक है, लेकिन इसकी सफलता इसके अमल पर निर्भर करेगी भारत दशकों से प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष आतंकवाद का सामना करता आया है। यह लड़ाई हमारे लिए नई नहीं है। आतंकवाद कितना व्यापक हो सकता है, इसका एक उदाहरण मुंबई में हुआ आतंकवादी…